नौ निधियाँ

 

भगवान प्रसन्न होने पर नौ निधियाँ अपने भक्तों को देते हैं, वह इस प्रकार हैं:-

1. पद निधि:– पद निधि लक्षणों से सम्पन्न मनुष्य सोने व चाँदी का दान करने वाला होता है।

2. महापद निधि:– महापद निधि से युक्त व्यक्ति धन का दान धार्मिक लोगों को देता है।

3. नील निधि:– नील निधि से युक्त मनुष्य सात्विक तेज से युक्त होता है। उसकी संपत्ति तीन पीढ़ियों तक रहती है।

4. मुकुन्द निधि:– मुकुन्द निधि से युक्त मनुष्य रजोगुण वाला होता है। उच्च व्यक्तियों के सम्पर्क में रहता है।

5. नन्द निधि:– नन्द निधि वाला व्यक्ति राजस और तामस गुणोंवाला तथा परिवार का आधार होता है।

6. मकर निधि:– मकर निधि सम्पन्न व्यक्ति अस्त्र-शस्त्र वाला होता है।

7. कच्छप निधि:– कच्छप निधि वाला व्यक्ति तामस गुणवाला होता है, संपत्ति का स्वयं उपभोग करता है।

8. षंख निधि:– शंख निधि एक पीढ़ी तक के लिए होती है।

9. खर्व निधि:– खर्व निधि वाले व्यक्ति के स्वभाव में मिश्रित फल होता है।

यह नौ निधियां और आठ सिद्धियां प्रभु श्री राम जी के परम भक्त श्री हनुमान जी में हैं।